पवित्र अध्ययन
अथर्ववेद
अथर्वन् और अङ्गिरस् के सूक्त। शौनक और पैप्पलाद शाखाएँ जीवित हैं।
केवल अनुक्रमणिका — पाठ अभी खुल रहा है
गृहरक्षा, आरोग्य-गीत और उच्च दर्शन इस वेद में साथ बैठते हैं। शौनक और पैप्पलाद श्लोक में एक नहीं। प्रथम चरण में नाम लिखे हैं।